मेघालय – SAMACHARPACHEESA.COM https://samacharpacheesa.com Fri, 03 Mar 2023 06:32:37 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.1.3 भाजपा की छोटी जीत का बड़ा संदेश https://samacharpacheesa.com/?p=6529 Fri, 03 Mar 2023 06:32:37 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=6529 पूर्वोत्तर के 3 राज्यों त्रिपुरा, नगालैंड और मेघालय के विधानसभा चुनाव के परिणाम लगभग साफ़ हो गए हैं। चुनाव परिणाम वैसे ही आए हैं जैसी उम्मीद थी। त्रिपुरा और नगालैंड में भाजपा की वापसी तय हो गई है। मेघालय में मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा की एनपीपी सबसे बड़ी पार्टी बन गई है। त्रिपुरा में शाही वंशज प्रद्योत देवबर्मा के नेतृत्व में टिपरा मोथा ने बेहतर प्रदर्शन किया है। टिपरा मोथा 13 सीटें जीतने में सफल रही। टिपरा मोथा ने त्रिपुरा में भाजपा के सहयोगी दल को भारी नुकसान पहुंचाया लेकिन भाजपा को सत्ता में आने से नहीं रोक पाई। तीनों राज्यों के मुख्यमंत्री अपनी सीटों पर जीत गए है। त्रिपुरा में माणिक साहा ने पश्चिम त्रिपुरा की नगर बरदोवाली, मेघालय में कॉनराड संगमा ने वेस्ट गारो हिल्स की दक्षिण तुरा (एसटी) सीट से और नगालैंड में नेफ्यू रियो को कोहिमा की नॉर्दन अंगामी एसटी सीट पर जीत मिली। इस चुनाव की एक महत्वपूर्ण बात यह भी है कि नागालैंड में पहली बार कोई महिला चुनाव जीती है। हेकानी जाखालू दीमापुर सीट जीतकर नगालैंड की पहली महिला विधायक बन गई हैं। 1963 में नगालैंड राज्य बना, तब से अब तक कोई महिला विधानसभा चुनाव नहीं जीती थी। नार्थ ईस्ट के राज्यों में मोदी और शाह के उदय के बाद भाजपा ने जिस तरह से पसीना बहाया है वह बताता है कि मोदी और शाह के लिए कोई भी राज्य छोटा नहीं है। मोदी और शाह जैसे रणनीतिकार छोटे राज्यों से भी बड़ा फायदा निकालने में माहिर है। यही कारण है कि हर चुनाव को जीवन मरण का प्रश्न मानने वाली भाजपा ने इन तीनों राज्यों में पूरी पार्टी उतार कर ताकत से चुनाव लड़ा। भाजपा यह संदेश देना चाहती थी कि वह सिर्फ हिंदीभाषी राज्यों की पार्टी नहीं है। देशभर में उसके कार्यकर्ता हैं। लंबे समय से जिन राज्यों में वामदलों और कांग्रेस की सरकार थी, वहां अपनी लगातार दूसरी बार सरकार बनाना इसी बात की ओर इशारा करता है। भाजपा ने यह साफ कर दिया है कि विपक्ष उसे सिर्फ हिंदू बाहुल्य वाले क्षेत्र की पार्टी समझने की भूल न करें। क्रिश्चियन बाहुल्य नार्थ ईस्ट के इन राज्यों में भाजपा की जीत का यही संकेत है। फरवरी महीने में ही प्रधानमंत्री ने तीन बार इन राज्यों का दौरा किया था। गृहमंत्री अमित शाह, और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा समेत कई बड़े नेता लगातार यहां जाते रहे हैं। प्रधानमंत्री 2017 के बाद से 47 बार नार्थ-ईस्ट जा चुके हैं। चुनाव से पहले उन्होंने त्रिपुरा, नगालैंड और मेघालय में 3 बड़ी रैलियां कीं। नार्थ-ईस्ट के 8 राज्यों में हर 15 दिन में कोई न कोई केंद्रीय मंत्री जरूर पहुंचता है।
अरुणाचल प्रदेश में 2003 के एक अपवाद को छोड़ दें, तो 2016 तक नार्थ ईस्ट के किसी राज्य में भाजपा सत्ता में नहीं रही। 2003 में कुछ महीनों के लिए गेगोंग अपांग भाजपा में शामिल हो गए थे। तब वे अरुणाचल के मुख्यमंत्री थे।
इससे उलट आज यहां के 8 में से 6 राज्यों में भाजपा सत्ता में है। असम, त्रिपुरा, अरुणाचल और मणिपुर में भाजपा के मुख्यमंत्री हैं। नगालैंड और मेघालय में भाजपा सत्ताधारी गठबंधन में शामिल हैं। मिजोरम और सिक्किम में तनाव है, लेकिन इन दोनों राज्यों में सरकार चला रहीं पार्टियां भाजपा की अगुआई वाले नार्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस में शामिल हैं। पिछले दो लोकसभा चुनावों के नतीजों से भी जाहिर है कि नार्थ ईस्ट में एक केंद्रीय राजनीतिक शक्ति के रूप में भाजपा ने कांग्रेस और वाम दलों को अप्रासंगिक बनाकर उनकी जगह ले ली है। 2014 में भाजपा को नार्थ ईस्ट की 32त्न सीटों पर कामयाबी मिली थी। 2019 में यह आंकड़ा 56त्न हो गया। एक बात गौर करने लायक़ है कि नार्थ ईस्ट के 8 राज्यों में कुल 25 लोकसभा सीटें हैं। भाजपा के पास इनमें से 14 सीटें हैं। अगले साल लोकसभा के चुनाव होने हैं। अगर हिंदी भाषी राज्यों में भाजपा की कुछ सीटें कम होती हैं, तो वह इन राज्यों में ज्यादा से ज्यादा सीटें जीतकर उसकी भरपाई करना चाहेगी। राज्यसभा में भी नार्थ ईस्ट के इन राज्यों से 14 सीटें हैं। इनमें से 8 भाजपा के पास हैं। विधानसभा चुनाव में भाजपा का बेहतर प्रदर्शन भी उसे राज्यसभा में मज़बूती देगा।

 

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मेघालय में सचिन पायलट ने सरकार बनाने का किया दावा https://samacharpacheesa.com/?p=6380 Tue, 21 Feb 2023 12:02:15 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=6380 शिलांग। मेघालय में विधानसभा चुनाव को लेकर लगातार राजनीतिक दलों के बीच वार-पलटवार का दौर चल रहा है। मेघालय में विधानसभा के चुनाव होने हैं। ऐसे में तमाम राजनीतिक दल वहां प्रचार प्रसार में जुटे हुए हैं। इन सबके बीच कांग्रेस मेघालय में दम दिखाने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस के लिए सचिन पायलट आज मेघालय में चुनाव प्रचार करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने भाजपा पर जबरदस्त तरीके से निशाना साधा और कहा कि वे आज यहां वादे कर रहे हैं, लेकिन पिछले 8 सालों से केंद्र में और यहां 5 सालों से सत्ता में थे, तो क्या किया है? इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा है कि भले ही भाजपा से संसाधनों में मुकाबला नहीं कर सकते हैं। लेकिन मतदाताओं और समर्थकों का हमारे साथ हमेशा से आशीर्वाद रहा है।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने कहा कि हमारे पास भाजपा की बराबरी करने के लिए संसाधन नहीं हो सकते हैं, लेकिन हमारे पास लोगों की इच्छा, समर्थन और मतदाताओं का आशीर्वाद है। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि हम बहुत अच्छा करेंगे और अगली सरकार जो बनेगी वह कांग्रेस की होगी। मेघालय के शिलांग में सचिन पायलट ने रहा कि भविष्य के लिए खाली वादों के अलावा वे (भाजपा) क्या पेशकश कर रहे हैं? जब वे दिल्ली में 8 साल और यहां 5 साल सत्ता में थे तो उन्होंने क्या किया? इसके साथ ही उन्होंने पूछा कि आपके सहयोगियों को क्या हो गया है कि आप 5 साल से सत्ता साझा कर रहे थे और अचानक एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं?
इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री और भाजपा नेता अमित शाह ने आरोप लगाया कि मेघालय में लंबे समय तक शासन करने वाले दो परिवारों ने राज्य के लिए कुछ नहीं किया और गरीबों पर खर्च की जाने वाली राशि से अपनी तिजोरियां भर ली। शाह ने वेस्ट गारो हिल्स के दालु प्रखंड में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि समय आ गया है कि मेघालय को इन दो परिवारों से मुक्त किया जाए और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के तहत भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को सत्ता में लाया जाए। उन्होंने कहा, वर्षों से, दो परिवारों ने मेघालय में राज किया है।

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मेघालय को समृद्ध करने का नहीं हुआ काम, भाजपा करेगी विकास : अमित शाह https://samacharpacheesa.com/?p=6324 Fri, 17 Feb 2023 10:24:38 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=6324 शिलांग। मेघालय चुनाव को लेकर प्रचार जारी है। मेघालय में भाजपा अपनी ताकत लगा रही है। आज राज्य में प्रचार के लिए गृह मंत्री अमित शाह पहुंचे थे। उन्होंने मेघायल मे मुख्यमंत्री पर निशाना साधा। शाह ने साफ तौर पर कहा कि पूर्वोत्तर का समृद्ध बनने के लिए मेघालय में सभी चीजें मौजूद हैं मगर यहां पर जो भी मुख्यमंत्री बना उसने मेघालय को समृद्ध करने के लिए काम नहीं किया। उन्होंने कहा कि गरीबों के लिए काम नहीं किया गया, उसने अपने परिवार के लिए काम किया। शाह ने आगे कहा कि असम में 8 साल से भाजपा की सरकार है और असम में देखिए कि कैसे विकास होता है। ऐसा ही विकास मेघालय में करना है तो भाजपा को वोट देकर क्करू मोदी के नेतृत्व में सरकार बनानी पड़ेगी।
अमित शाह ने कहा कि मेघालय में मैंने अब तक भाजपा की यह सबसे बड़ी रैली देखी है, और लोगों की ऊर्जा ने मुझे आश्वस्त किया है कि राज्य में भाजपा की भारी जीत होने जा रही है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी ने मेघालय के हर घर में नल से जल कनेक्शन के लिए 24,000 करोड़ रुपये दिए। लेकिन उसके बाद भी घरों में जलापूर्ति नहीं की गई। यह पैसा सत्ता में बैठे लोगों ने राज्य से लूटा। उन्होंने कहा कि असम में भाजपा की सरकार है और वहां किसी भी गरीब को अपना इलाज कराने के लिए जेब से पैसा नहीं देना होता है। ‘आयुष्मान भारत योजना’ के तहत पांच लाख तक का इलाज मुफ्त में होता है। मेघालय में कमल के निशान पर वोट कीजिए भाजपा की सरकार बनाइए और पांच लाख रुपये तक का इलाज मुफ्त हो जाएगा।
भाजपा नेता ने कहा कि मोदी जी द्वारा गरीबों के लिए पक्के घर बनाने के लिए पैसे देने के बाद भी लोगों को घर नहीं दिया गया है। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि राज्य सरकार ने गरीबों के लिए घर बनाने के लिए रखे गए पैसों को लूट लिया। बीजेपी को वोट दो, 2025 से पहले हर गरीब को पक्का घर मिलेगा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने जहां-जहां सरकार बनाई, सरकारी नौकरियों में भ्रष्टाचार समाप्त किया। लेकिन यहां पर मुकुल संगमा आते हैं तो अपने परिवार वालों को नौकरी दे देते हैं, कोनराड संगमा आते हैं तो अपने परिवार वालों और पहचान वालों को नौकरी देते हैं। अपना हमला जारी रखते हुए उन्होंने कहा कि अभी ये मुकुल संगमा अपना नाम बदल कर आ गए हैं। पहले कांग्रेस में थे अब टीएमसी में आ गए हैं। टीएमसी जब बंगाल और वहां के गरीबों की हालत ठीक नहीं कर पाई है तो मेघालय का भला कैसे करेगी?

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आज का भारत देने वाला है, लेने वाला नहीं : जेपी नड्डा https://samacharpacheesa.com/?p=6280 Wed, 15 Feb 2023 07:50:21 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=6280 नईदिल्ली। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कई मोर्चों पर आगे बढ़ रहा है, देश आज लेने वाला नहीं बल्कि देने वाला है। देश के स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि अतीत में देशों को टीके तैयार करने में वर्षों लग जाते थे, लेकिन भारत ने कुछ महीनों के अंतराल में कोविड-19 के लिए वैक्सीन तैयार कर ली। प्रधान मंत्री मोदी के नेतृत्व में, भारत ने 100 देशों को कोरोना वायरस के टीके भेजे हैं, इसे 48 देशों को मुफ्त में प्रदान किया है। नड्डा ने झालुपारा इलाके में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा, भारत आज लेने वाला नहीं बल्कि देने वाला है।
उन्होंने याद किया कि अतीत में कैसे जापानी टीकों को भारत पहुंचने में वर्षों लग गए थे। इससे पहले, चिकनपॉक्स और पोलियो जैसी बीमारियों के लिए दवाओं और टीकों के साथ आने में साल बीत जाते थे। हालांकि, भारत ने, कोविड-19 महामारी के दौरान, कुछ महीनों में टीका तैयार कर लिया। भाजपा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन अभी भी अमेरिका में मास्क पहनते हैं, जबकि 130 करोड़ भारतीय बिना मास्क के सुरक्षित घूमते हैं।
नड्डा ने यह भी कहा कि किसी समय जापान और अमेरिका जैसे विकसित देशों का ऑटोमोबाइल बाजार पर दबदबा था, लेकिन वाहनों के निर्माण और निर्यात में भारत आज तीसरे स्थान पर है। नड्डा ने मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि भारत दूरसंचार क्षेत्र में भी काफी प्रगति कर रहा है। उन्होंने कहा, वह दिन दूर नहीं जब आईफोन जैसे टॉप ब्रांड्स पर ‘मेड इन इंडिया’ लिखा होगा। एनडीए सरकार के तहत सभी पूर्वोत्तर राज्यों ने पिछले 8 वर्षों में अभूतपूर्व विकास देखा है, उन्होंने कहा कि बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देने के लिए 9 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया गया है।

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मेघालय में टीएमसी-एनपीपी कार्यकर्ताओं में झड़प, चार घायल https://samacharpacheesa.com/?p=6149 Wed, 08 Feb 2023 07:47:41 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=6149 शिलांग। मेघालय के वेस्ट गारो हिल्स जिले में विपक्षी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और सत्तारूढ़ नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) के समर्थकों के बीच हुई झड़प में कम से कम चार लोगों के घायल होने की खबर है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) एफआर खारकोंगोर ने बुधवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि स्थिति नियंत्रण में है क्योंकि निर्वाचन अधिकारी क्षेत्र में तैनात हैं और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की तीन कंपनियों को जिले में तैनात किया गया है। मेघालय की 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए 27 फरवरी को मतदान होना है।
पुलिस के मुताबिक, घटना फूलबाड़ी विधानसभा क्षेत्र के चारबतापारा गांव में मंगलवार रात करीब 10:45 बजे हुई। टीएमसी में शामिल होने वाले एनपीपी के पूर्व विधायक एसजी एस्टामुर मोमिनिन रात करीब नौ बजे अपने रिश्तेदार के घर दावत में शामिल होने के लिए गांव आए थे। इसके बाद एनपीपी के समर्थकों का एक समूह वहां गया और हंगामा किया और कथित तौर पर टीएमसी समर्थकों पर हमला किया।
सीईओ ने कहा कि झड़प के बाद नौ लोगों को फूलबाड़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। उपचार के बाद सभी को छुट्टी दे दी गई। उन्होंने बताया कि नोजिम हुसैन नामक व्यक्ति ने प्राथमिकी दर्ज करायी है जिसमें आरोप लगाया गया है कि एनपीपी के हबीबुर जमान के नेतृत्व में लोगों की एक भीड़ उनके घर के पास रुकी और उनके घर पर पथराव किया जिससे चार लोग घायल हो गये। पुलिस रिपोर्ट के अनुसार दोनों पक्षों ने दावा किया कि दूसरे पक्ष ने हमला शुरू किया।

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भाजपा के दो चेहरे, चुनाव के दौरान कहती कुछ है और बाद में करती कुछ और है : ममता बनर्जी https://samacharpacheesa.com/?p=5783 Wed, 18 Jan 2023 11:09:23 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=5783 शिलांग। पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस के प्रमुख ममता बनर्जी आज मेघालय पहुंची थीं। मेघालय में इस साल विधानसभा के चुनाव होने हैं। मेघालय में तृणमूल कांग्रेस अपनी संभावनाओं को तलाशने की कोशिश में लगी हुई है। इसी कड़ी में ममता बनर्जी के आज के दौरे को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इन सबके बीच ममता बनर्जी ने भाजपा पर सीधा हमला बोला है। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि भाजपा दो चेहरे वाली पार्टी है जो चुनाव के दौरान कहती कुछ है और बाद में करते कुछ और है।
दरअसल, ममता बनर्जी मेघालय के गोरा हिल्स जिले में एक जनसभा को संबोधित कर रही थीं। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि तृणमूल कांग्रेस एकमात्र ऐसी पार्टी है जो पूर्वोत्तर राज्य में बेहतर शासन प्रदान कर सकती है क्योंकि यह लोगों के सपनों को पूरा करते हैं। ममता ने साफ तौर पर आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार सिर्फ उसकी पार्टी के शासन वाले राज्यों को ही धन मुहैया कराती है। उन्होंने कहा कि हम मेघालय में जनता के लिए, जनता द्वारा और जनता की सरकार चाहते हैं। आपको बता दें कि मेघालय में नेशनल पीपुल्स पार्टी की सरकार है। मेघालय में भाजपा के पास सिर्फ 2 विधायक हैं। वह कोनराड संगमा के नेतृत्व वाली सरकार का हिस्सा भी है।
मेघालय में भाजपा इस बार अपने दम पर चुनाव लड़ रही है। यही कारण है कि ममता बनर्जी ने भाजपा पर अपना निशाना साधा है। निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के मुताबिक मेघालय में 27 फरवरी को मतदान होगा और मतगणना दो मार्च को होगी। वहीं, मेघालय के लोक स्वास्थ्य अभियांत्रिकी (पीएचई) मंत्री रेनिक्टन तोंगखर और राज्य के चार अन्य मौजूदा विधायकों ने निर्वाचन आयोग द्वारा मतदान की तारीख की घोषणा से कुछ घंटे पहले बुधवार को विधानसभा से इस्तीफा दे दिया। तोंगखर के अलावा इस्तीफा देने वालों में तृणमूल कांग्रेस के विधायक शीतलंग पाले, कांग्रेस के निलंबित विधायक मायरालबॉर्न सिएम और पीटी सावक्मी तथा निर्दलीय विधायक लम्बोर मालनगियांग शामिल हैं।

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नागालैंड, त्रिपुरा और मेघालय में चुनावी तारीखों का ऐलान, 2 मार्च को आएंगे नतीजे https://samacharpacheesa.com/?p=5777 Wed, 18 Jan 2023 10:59:40 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=5777 नईदिल्ली। पूर्वोत्तर के 3 राज्य मेघालय, त्रिपुरा और नागालैंड में चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है। तीनों ही राज्यों में 60-60 सीटें हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने चुनावी तारीखों का ऐलान किया है। गौरतलब है कि तीनों राज्यों में कार्यकाल मार्च में खत्म हो रहा है। तीनों ही राज्यों में आचार संहिता लागू हो गया। नागालैंड और मेघालय में एक चरण में चुनाव होंगे। मेघालय और नगालैंड में 27 फरवरी को चुनाव होंगे। वहीं, त्रिपुरा में 16 फरवरी को वोट डाले जाएंगे। चुनाव के नतीजे 2 मार्च को आएंगे।
कुमार ने बताया कि त्रिपुरा विधानसभा चुनाव के लिए अधिसूचना 21 जनवरी को जारी होगी और नामांकन की आखिरी तारीख 30 जनवरी होगी। उन्होंने कहा कि नामांकन वापस लेने की आखिरी तारीख दो फरवरी होगी और मतदान 16 फरवरी को होगा। नागालैंड और मेघालय विधानसभा चुनाव के लिए अधिसूचना 31 जनवरी को जारी होगी और नामांकन की आखिरी तारीख 7 फरवरी होगी। नामांकन वापस लेने की आखिरी तारीख 10 फरवरी होगी और मतदान 27 फरवरी को होगा।
राजीव कुमार ने बताया कि तीनों ही राज्यों में महिला वोटर की भागीदारी ज्यादा है। तीनों राज्यों में चुनाव आयोग निष्पक्ष चुनाव कराने को लेकर प्रतिबद्ध है। नागालैंड, मेघालय और त्रिपुरा में संयुक्त रूप से 62.8 लाख से अधिक मतदाता हैं, जिनमें महिला मतदाताओं की संख्या 31.47 लाख और विकलांग मतदाताओं की संख्या 31,700 शामिल हैं। पहली बार 3 राज्यों में चुनाव में 1.76 लाख से अधिक मतदाता होंगे। त्रिपुरा में जहां भाजपा की सरकार है, वहीं नगालैंड में नेशनलिस्ट डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी सत्ता में है। मेघालय में नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) की सरकार है। एनपीपी पूर्वोत्तर की एकमात्र पार्टी है जिसे राष्ट्रीय दल के तौर पर मान्यता हासिल है।

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मेघालय में पूर्व मंत्री डॉ. अंपारीन लिंगदोह ने छोड़ी कांग्रेस, कहा- दिशाहीन हो गई पार्टी https://samacharpacheesa.com/?p=5296 Mon, 19 Dec 2022 08:25:45 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=5296 शिलांग। कांग्रेस की भले भारत जोड़ो यात्रा निकाल रही है, लेकिन वह अपने ही नेताओं को जोड़ कर नहीं रख पा रही है। आज मेघालय की पूर्व मंत्री व पार्टी की वरिष्ठ नेता डॉ. अंपारीन लिंगदोह ने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया। वह राज्य में सत्तारूढ़ नेशनल पीपुल्स पार्टी में शामिल होंगी।
मेघालय में अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में यह कांग्रेस के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। अंपारीन ने आरोप लगाया कि कांग्रेस दिशाहीन हो गई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा को टैग करते हुए डॉ. लिंगदोह ने सोमवार सुबह ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा ‘मैंने @INCIndia से अपना औपचारिक इस्तीफा दे दिया है।’
बता दें, एनपीपी भाजपा की सहयोगी पार्टी है। लिंगदोह के साथ एक अन्य कांग्रेस विधायक के भी एनपीपी में शामिल होने की संभावना है।
कांग्रेस ने दिशा खो दी 
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे को भेजे पत्र में डॉ. लिंगदोह ने कहा, ‘मेरे जीवन के अधिकांश समय में कांग्रेस की सिपाही रही हूं, हालांकि, पार्टी के हाल के घटनाक्रमों से मुझे विश्वास हो गया है कि इसने अपनी दिशा खो दी है। पार्टी और नेतृत्व को इस पर विचार करने की तत्काल आवश्यकता है। मुझे लगता है कि पार्टी नेतृत्व गंभीर आत्म निरीक्षण में विफल हो गया है।’
मेघालय में अगले साल चुनाव होने वाले हैं। वहीं, मार्च तक त्रिपुरा में भी चुनाव की संभावना है। कल ही भाजपा ने पीएम मोदी की उत्तर पूर्व की यात्रा के साथ चुनावी बिगुल बजा दिया है।
पिछले माह तीन चार विधायकों ने छोड़ी थी पार्टियां
गत माह मेघालय के तीन विधायकों- सत्तारूढ़ नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) के दो और विपक्षी अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (एआईटीसी) के एक विधायक ने भाजपा में शामिल होने के लिए इस्तीफा दे दिया था। एनपीपी के बेनेडिक्ट मारक (रक्समग्रे) और फैरलीन संगमा (सेल्सेला) और तृणमूल कांग्रेस के विधायक हिमालय मुक्तन शांगप्लियांग (मावसिनराम) ने अपनी पार्टियों को छोड़ दिया था। शांगप्लियांग ने उस समय ट्वीट कर कहा था कि हम तीनों बहुत जल्द राज्य में विकास लाने के इरादे से भाजपा में शामिल होने जा रहे हैं।

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मेघालय के चार विधायक बीजेपी में हुए शामिल https://samacharpacheesa.com/?p=5220 Wed, 14 Dec 2022 08:38:25 +0000 https://samacharpacheesa.com/?p=5220 शिलांग। मेघालय में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होने हैं। जिसको लेकर राजनीतिक दलों की ओर से अबी से ही जोरआजमाइश शुरू कर दी गई है। आगामी 18 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शिलॉंग में पूर्वोत्तर परिषद के स्वर्ण जयंती समारोहों में शामिल होने के लिए आने वाले हैं। वहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी र महिला सशक्तिकरण, युवाओं की बेहतरी के नारे के साथ मेघालय में चुनावी बिगुल बजा दिया है। अब बीजेपी ने एक बड़ा दांव खेलते हुए चार विधायकों को अपने पाले में लाकर आगामी विधानसभा चुनाव के लिए अपनी उपस्थिति को और मजबूत कर लिया है।
मेघालय विधानसभा के चार मौजूदा विधायक फेरलिन संगमा, सैमुअल संगमा, बेनेडिक मारक और एचएम शांगप्लियांग असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की मौजूदगी में भाजपा में शामिल हुए। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि यह चारों मौजूदा विधानसभा के विधायक हैं, इनके भाजपा में शामिल होने से हमें और मज़बूती मिलेगी। फरवरी में होने वाले चुनाव में बेहतर परिणाम हासिल होने में बड़ी सफलता मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 18 दिसंबर को मेघालय में पूर्वोत्तर परिषद के स्वर्ण जयंती समारोहों में शामिल होंगे। राज्य के मुख्यमंत्री कोनराड के. संगमा ने मंगलवार को यह जानकारी दी। संगमा ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री सिर्फ तीन घंटे राज्य की राजधानी में रूकेंगे। उन्होंने यहां एक बैठक से इतर पीटीआई-से कहा,‘‘प्रधानमंत्री 18 दिसंबर को राज्य का दौरा कर रहे हैं। वह यहां पूर्वोत्तर परिषद के स्वर्ण जयंती समारोहों में शामिल होंगे।’’ मुख्यमंत्री ने कहा कि समारोहों के लिए सुरक्षा इंतजाम किये जा रहे हैं।

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